Newz Gossip
No Result
View All Result
Thursday, October 29, 2026
  • Login
  • Home
  • भारत
  • विदेश
  • ब्रेकिंग
  • एस्ट्रोलॉजी
  • खेल
  • बिजनेस
  • मनोरंजन
  • दिल की बात
  • अन्य
    • अपराध
    • हेल्थ
    • लाइफ स्टाइल
    • करियर
    • धर्म
    • शिक्षा
  • Web Stories
Newz Gossip
  • Home
  • भारत
  • विदेश
  • ब्रेकिंग
  • एस्ट्रोलॉजी
  • खेल
  • बिजनेस
  • मनोरंजन
  • दिल की बात
  • अन्य
    • अपराध
    • हेल्थ
    • लाइफ स्टाइल
    • करियर
    • धर्म
    • शिक्षा
  • Web Stories
No Result
View All Result
Newz Gossip
No Result
View All Result
Home Khabrein Jara Hat Ke

इस पौधे को छूते ही होती है खुदकुशी करने की इच्छा, दुनिया का सबसे खतरनाक पौधा

by newzgossip
4 years ago
in Khabrein Jara Hat Ke
0
इस पौधे को छूते ही होती है खुदकुशी करने की इच्छा, दुनिया का सबसे खतरनाक पौधा
153
SHARES
1.9k
VIEWS
Share on WhatsappShare on FacebookShare on Twitter

RelatedPosts

याददाश्त कमजोर क्यों होती है? जानें मानसिक सुस्ती के 5 प्रमुख कारण और दिमाग तेज करने के उपाय

दीपावली पर बोनस नहीं देने पर कंपनी पर हो सकती है कानूनी कार्रवाई, जानें कर्मचारियों के अधिकार

पारे से सोना बनाने का अमेरिकी स्टार्टअप का दावा, क्या भविष्य में सस्ता हो जाएगा गोल्ड?

World’s Most Dangerous Plant: साइंटिस्ट मरिना हर्ले कुछ साल पहले ऑस्ट्रेलियाई वर्षावनों पर शोध कर रही थीं. वैज्ञानिक होने के नाते वे जानती थीं कि जंगलों में कई खतरे होते हैं. यहां तक कि पेड़-पौधे भी जहरीले हो सकते हैं. इससे बचने के लिए उन्होंने हाथों में वेल्डिंग ग्लव्स और बॉडी सूट पहना हुआ था. अलग लगने वाले तमाम पेड़-पौधों के बीच वे एक नए पौधे के संपर्क में आईं. वेल्डिंग ग्लव्स पहने हुए ही उन्होंने उसकी स्टडी करनी चाही, लेकिन ये कोशिश भारी पड़ गई.

करंट लगने जैसी होती है तकलीफ
हर्ले दर्द से बेहाल अस्पताल पहुंची तो उनका सारा शरीर लाल पड़ चुका था. वे जलन से चीख रही थीं. ये जिम्पई-जिम्पई का असर था, जिसे ठीक करने के लिए उन्हें लंबे समय तक अस्पताल में स्टेरॉयड लेकर रहना पड़ा. बाद में डिस्कवरी को दिए इंटरव्यू में साइंटिस्ट ने बताया- ये दर्द वैसा ही था, जैसे किसी को बिजली का झटका देते हुए ऊपर से एसिड उड़ेल दिया जाए.

क्वींसलैंड में रेनफॉरेस्ट पर काम करने वालों, या लकड़ियां काटने वालों के लिए जिम्पई को मौत का दूसरा नाम ही समझिए. पौधे की रिपोर्ट के बाद से जंगलों में जाने वाले अपने साथ रेस्पिरेटर, मेटल ग्लव्स और एंटीहिस्टामाइन टैबलेट (एलर्जी और दर्द खत्म करने वाला) लेकर जाने लगे. वैसे इस पौधे को सबसे पहले साल 1866 में रिपोर्ट किया गया था. इस दौरान जंगलों से गुजर रहे कई जानवर, खासकर घोड़ों की भयंकर दर्द से मौत होने लगी. जांच में पता लगा कि सब एक ही रास्ते से गुजर रहे थे और एक जैसे पौधों के संपर्क में आए थे.

दूसरे विश्व युद्ध के दौरान कई आर्मी अफसर भी इसका शिकार हुए और कइयों ने दर्द से बेहाल खुद को गोली मार ली. जो बाकी रहे, वे सालों तक दर्द की शिकायत करते रहे. इसके बाद से ही इसपर ज्यादा ध्यान गया, और इसे सुसाइड प्लांट कहा जाने लगा. बाद में क्वींसलैंड पार्क्स एंड वाइल्डलाइफ सर्विस ने जंगल में जाने-आने वालों के लिए एक मार्गदर्शिका निकाली ताकि वे खतरे से दूर रह सकें.

जानिए इस पौधे के बारे में
इसका बायोलॉजिकल नाम है, डेंड्रोक्नाइड मोरोइड्स, जो ऑस्ट्रेलिया के उत्तर-पूर्वी रेनफॉरेस्ट में मिलता है. जिम्पई-जिम्पई इसका कॉमन नेम है, लेकिन इसे कई और नामों से भी जाना जाता है, जैसे सुसाइड प्लांट, जिम्पई स्टिंगर, स्टिंगिंग ब्रश और मूनलाइटर. ऑस्ट्रेलिया के अलावा ये मोलक्कस और इंडोनेशिया में भी मिलता है. दिखने में ये बिल्कुल सामान्य पौधे जैसा है, जिसकी पत्तियां हार्ट के आकार की होती हैं और पौधे की ऊंचाई 3 से 15 फीट तक हो सकती है.

इतना जहरीला क्यों है ?
रोएं की तरह बारीक लगने वाले कांटों से भरे इस पौधे में न्यूरोटॉक्सिन जहर होता है, जो कांटों के जरिए शरीर के भीतर पहुंच जाता है. यहां समझ लें कि न्यूरोटॉक्सिन वही जहर है, जो सीधे सेंट्रल नर्वस सिस्टम पर असर डालता है. इससे मौत भी हो सकती है. कांटा लगने के लगभग आधे घंटे बाद दर्द की तीव्रता बढ़ने लगती है जो लगातार बढ़ती ही जाती है अगर जल्दी इलाज न मिले.

कांटा चुभने के बाद निकाल देने पर आमतौर पर दर्द खत्म हो जाता है, लेकिन इस पौधे का मामला जरा पेंचीदा है. इसके कांटे इतने बारीक होते हैं कि शरीर में धंसने के बाद दिखाई ही नहीं देते. निकालने के दौरान अगर ये टूटकर स्किन में ही रह जाएं तब मामला और बिगड़ जाता है. कई इंटरनेशनल मीडिया रिपोर्ट्स और डॉक्युमेंट्री में जिक्र है कि इस पौधे के जहर को केमिकल वेपन की तरह काम लाने के लिए ब्रिटेन की लैब पोर्टान डाउन ने भी ऑस्ट्रेलियाई सरकार और यूनिवर्सिटी ऑफ क्वींसलैंड से संपर्क किया था.

किसी भी पौधे को पूरी तरह से खत्म करना न तो मुमकिन है, और न ही इकोलॉजिकल सिस्टम के लिए अच्छा ही है. बेहद जहरीले जिम्पई-जिम्पई के साथ भी एक अच्छी बात ये है कि कई कीडे़ और पक्षी इसके फल खाते हैं और बिल्कुल ठीक रहते हैं.

Tags: Australia Rain ForestDendrocnide moroideskhabrein jara hat keQueensland Rain ForestViral NewsWorld's Most Dangerous Plantदुनिया का सबसे खतरनाक पौधा
SendShare61Tweet38
newzgossip

newzgossip

ABOUT US भारत की बड़ी डिजिटल वेबसाइट्स में से एक “NEWZGOSSIP” किसी भी तरह की अफवाह या झूठी खबरों को अपने पोर्टल www.newzgossip.com पर साझा नहीं करती है. Newzgossip पर कई तरह के विशेष प्रकाशित किए जाते हैं. देश (Country), दुनिया (World), समसामयिक मुद्दे (Current issue) लाइफस्टाइल (Lifestyle), धर्म (Religion), स्वास्थ्य (Health) और खबरें जरा हट के (Khabrein Jara Hat Ke) जैसे विशेषों पर लेख लिखा जाते हैं. हमारा लक्ष्य आप तक सिर्फ और सिर्फ सटीक खबरें पहुंचाने का है. हमारे साथ बने रहने के लिए आप हमें  [email protected] पर संपर्क कर सकते हैं. इसके अलावा आप हमारे फेसबुक पेज https://www.facebook.com/NewznGossip और https://www.facebook.com/IndiaNowR  पर भी जुड़ सकते हैं.

Related Posts

याददाश्त कमजोर क्यों होती है? जानें मानसिक सुस्ती के 5 प्रमुख कारण और दिमाग तेज करने के उपाय
Khabrein Jara Hat Ke

याददाश्त कमजोर क्यों होती है? जानें मानसिक सुस्ती के 5 प्रमुख कारण और दिमाग तेज करने के उपाय

7 hours ago
दीपावली पर बोनस नहीं देने पर कंपनी पर हो सकती है कानूनी कार्रवाई, जानें कर्मचारियों के अधिकार
Khabrein Jara Hat Ke

दीपावली पर बोनस नहीं देने पर कंपनी पर हो सकती है कानूनी कार्रवाई, जानें कर्मचारियों के अधिकार

7 hours ago
पारे से सोना बनाने का अमेरिकी स्टार्टअप का दावा, क्या भविष्य में सस्ता हो जाएगा गोल्ड?
Khabrein Jara Hat Ke

पारे से सोना बनाने का अमेरिकी स्टार्टअप का दावा, क्या भविष्य में सस्ता हो जाएगा गोल्ड?

7 hours ago
ईरान के पहाड़ों में मिलता है मकड़ी की पूंछ वाला रहस्यमयी सांप, 56 साल पुराने नमूने से खुला राज
Khabrein Jara Hat Ke

ईरान के पहाड़ों में मिलता है मकड़ी की पूंछ वाला रहस्यमयी सांप, 56 साल पुराने नमूने से खुला राज

7 hours ago
जापान में बदल रही अंतिम संस्कार की परंपरा, अब पेड़ों के नीचे दफना रहे अस्थियां
Khabrein Jara Hat Ke

जापान में बदल रही अंतिम संस्कार की परंपरा, अब पेड़ों के नीचे दफना रहे अस्थियां

8 hours ago
20 मिनट की एरोबिक एक्सरसाइज बढ़ा सकती है याददाश्त! रिसर्च में खुलासा  कॉपी करें
Khabrein Jara Hat Ke

20 मिनट की एरोबिक एक्सरसाइज बढ़ा सकती है याददाश्त! रिसर्च में खुलासा कॉपी करें

1 day ago
महिलाओं में बढ़ रहा हार्ट अटैक का खतरा! इन 5 लक्षणों को भूलकर भी न करें नजरअंदाज
Khabrein Jara Hat Ke

महिलाओं में बढ़ रहा हार्ट अटैक का खतरा! इन 5 लक्षणों को भूलकर भी न करें नजरअंदाज

1 day ago
विदेशी नाम, भारतीय ब्रांड! पीटर इंग्लैंड से मोंटे कार्लो तक, जानिए इन ब्रांड्स की असली कहानी
Khabrein Jara Hat Ke

विदेशी नाम, भारतीय ब्रांड! पीटर इंग्लैंड से मोंटे कार्लो तक, जानिए इन ब्रांड्स की असली कहानी

1 day ago
शरीर को प्राकृतिक तरीके से डिटॉक्स कैसे करें? जानें फाइबर, पानी और हेल्दी डाइट के फायदे
Khabrein Jara Hat Ke

शरीर को प्राकृतिक तरीके से डिटॉक्स कैसे करें? जानें फाइबर, पानी और हेल्दी डाइट के फायदे

2 days ago

Categories

  • ASTROLOGY
  • BREAKING
  • Breaking News
  • CRIME
  • DELHI
  • Haryana
  • HEALTH
  • Khabrein Jara Hat Ke
  • LIFE STYLE
  • STATE
  • TECHNOLOGY
  • UTTAR PRADESH
  • अन्य
  • करियर
  • कहानियां/Stories
  • खेल
  • दिल की बात
  • धर्म
  • बिजनेस
  • भारत
  • मनोरंजन
  • राजनीति
  • विदेश
  • शिक्षा

Site Navigation

  • Home
  • About Us
  • Advertisement
  • Contact Us
  • Privacy & Policy
  • Other Links
  • Disclaimer

© 2022 Newz Gossip

No Result
View All Result
  • Home
  • भारत
  • विदेश
  • ब्रेकिंग
  • एस्ट्रोलॉजी
  • खेल
  • बिजनेस
  • मनोरंजन
  • दिल की बात
  • अन्य
    • अपराध
    • हेल्थ
    • लाइफ स्टाइल
    • करियर
    • धर्म
    • शिक्षा
  • Web Stories

© 2022 Newz Gossip

Welcome Back!

Login to your account below

Forgotten Password?

Retrieve your password

Please enter your username or email address to reset your password.

Log In